थिएटरों में कैशलेस बिजनेस लाने की तैयारी
05 Dec 2016
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जल्दी ही लाई जाएगी नई योजनाओं
वरिष्ठ संवाददाता, मुंबई
नोटबंदी के असर से बाहर आने के लिए मल्टीप्लेक्स थिएटरों के मालिकों ने ऐसी योजना पर काम करना शुरु किया है, जिससे कैशलैस कारोबार की सरकारी पहल को भी बढ़ावा मिलेगा। कहा जा रहा है कि नोटबंदी के इस असर से बाहर आने में छह महीनों से ज्यादा का वक्त लग सकता है, इसलिए कैशलैस कारोबार की सरकारी पहल को भी बढ़ावा देकर नई योजनाएं बनाई जा रही है। इससे मल्टीप्लेक्स कारोबार बेहतर हालत में रहेगा। जिस तरह से पेट्रोल पंप से लेकर बड़े मॉल्स में खरीददारी के लिए ग्राहकों को कार्ड जारी करते हैं, जिनमें कोई भी ग्राहक एडवांस में पैसे जमाकर लंपबे समय के लिए कार्ड का इस्तेमाल कर सकता है। मॉल्स में तो ऐसे कार्डधारकों के लिए अलग से सुविधाओं और योजनाओं को लांच किया जाता है। इसी तर्ज पर अब जल्दी ही फिल्में देखने के लिए मल्टीप्लेक्स थिएटरों की ओर से दर्शकों के लिए ऐसे कार्ड लांच किए जाएंगे, जिनमें वे अपनी पसंद की फिल्में देखने के लिए एडवांस में पैसे भरवा सकते हैं और लंबे समय तक इसका फायदा उठा सकते हैं। जानकारी के अनुसार, इस योजना पर मल्टीप्लेक्स थिएटर चलाने वाली सभी कंपनिया मिलकर काम कर रही हैं। इस कार्ड के लिए कोई भी दर्शक तीन महीनों में रिलीज होने वाली फिल्मों में से अपनी पसंदीदा फिल्मों का चुनाव करके कार्ड के जरिए पैसे दे सकता है। जब फिल्म रिलीज होगी, तो उसके कार्ड से टिकट की राशि काट ली जाएगी। खास बात ये रहेगी कि मल्टीप्लेक्स इन कार्ड का उपयोग करने वालों के लिए टिकटों के दाम कम रखने जा रहे हैं। साथ ही इन कार्डधारकों को रिलीज के शुरुआती दिनों में उनकी पसंद के हिसाब से टिकट मिलेंगे और इस कार्ड का मल्टीप्लाई इस्तेमाल हो सकता है, यानी एक कार्ड से एक से ज्यादा टिकटों का दाम चुकाया जा सकता है। इस योजना का हिस्सा बने एक मल्टीप्लेक्स चेन के मैनेजर ने निजी तौर पर बताया कि इस योजना का मकसद उन दर्शकों को अपने साथ जोड़ना है, जो मौजूदा दौर में कैश की कमी के चलते फिल्में देखने नहीं आ रहे हैं। इस कार्ड को रिफिल करने के लिए ग्राहक किसी भी माध्यम से भुगतान कर सकता है। मैनेजर के अनुसार, मल्टीप्लेक्स का सबसे बड़ा फायदा ये होगा कि आम आदमी की ओर से उसके पास कई फिल्मों के पैसे एडवांस में आ जाएंगे। इस योजना का खाका तैयार किया जा चुका है और जल्दी ही इसे अंतिम रुप दे दिया जाएगा। कोशिश की जा रही है कि इसे 1 जनवरी से लांच किया जाए। इस योजना पर सभी मल्टीप्लेक्स एक साथ पार्टनर होंगे, इसलिए एक ही कार्ड सभी मल्टीप्लेक्स की फिल्मों पर लागू किया जा सकता है। मल्टीप्लेक्स थिएटरों पर इस वक्त बालीवुड का प्रेशर है और सबसे ज्यादा प्रेशर टिकटों के दामों में कमी करने को लेकर है। ऐसे में इस संकट का सामना करने के लिए इस तरह की कार्ड योजना कारगर साबित हो सकती है। बालीवुड के एक निर्माता ने कहा कि उनको ऐसी किसी योजना की जानकारी नहीं है, लेकिन सच में अगर ऐसा कोई कार्ड लाया जाता है, तो बालीवुड की फिल्म इंडस्ट्री इसका स्वागत करेगी।