नागपुर, दि. १२ : योग्य और उत्तम कानून बनाने का काम विधानमंडल का होता है इसलिए महाराष्ट्र विधानमंडल ने अनेक क्रांतिकारी कानून तैयार किये हैं । यह बात मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने आज यहाँ कही ।
राष्ट्रकुल संसदीय मंडल , महाराष्ट्र शाखा की ओर से आयोजित किये गए 47 वें संसदीय अभ्यास वर्ग का उद्घाटन मुख्यमंत्री के हाथों संपन्न हुआ । इसी अवसर पर मुख्यमंत्री बोल रहे थे । इस अवसर पर विधान परिषद के सभापति रामराजे नाईक-निंबालकर, विधान सभा अध्यक्ष हरिभाऊ बागडे, संसदीय कार्य मंत्री गिरीश बापट ,विधानमंडल के प्रधान सचिव डॉ. अनंत कलसे उपस्थित थे ।
मुख्यमंत्री ने कहा कि महाराष्ट्र विधानमंडल ने सूचना का अधिकार, सेवा सुरक्षा कानून, जादूटोना विरोधी कानून, जाति पंचायती विरोधी कानून, आदि महत्वपूर्ण कानून तैयार किये हैं । मौजूदा कानूनों में आवश्यकता के अनुसार विधानमंडल में चर्चा कर के सुधार किया जाता है । संविधान ने लोकतंत्र की उत्तम व्यवस्था दी है । इस व्यवस्था में व्यक्ति बदलते हैं व्यवस्था नहीं बदलती । नये आने वाले प्रतिनिधि इसी व्यवस्था में रहकर काम करते हैं । किसी भी विचारधारा की सरकार आये उसे अंतिम व्यक्ति का ध्यान रखना पड़ता है । संविधान ने समाज के अंतिम वर्ग के व्यक्ति को अभिव्यक्ति का अधिकार दिया है । लोकप्रतिनिधियों के माध्यम से वह विधानमंडल में रखा जाता है । लोकतंत्र त्रिस्तरीय पद्धति है । थर्ड पार्टी ऑडिट करने के लिए मीडिया चौथा स्तंभ है ।
बजट पारित करने का महत्वपूर्ण कार्य विधानमंडल द्वारा किया जाता है । किसी भी प्रकार का खर्च करने के लिए विधानमंडल की मान्यता लेनी पड़ती है । सरकार विधिमंडल के प्रति उत्तरदायी होती है । विधानमंडल का कामकाज कैसे चलता है, इसे प्रत्यक्ष देखने के लिए अभ्यास वर्ग की अच्छी प्रक्रिया शुरू की गई है । लोकतंत्र कागज पर न रहकर प्रत्यक्ष देखना बहुत महत्वपूर्ण है । आज के अभ्यास वर्ग को मुख्यमंत्री ने अपनी शुभकामनायें दीं ।
विधान परिषद के सभापति रामराजे- नाईक - निंबालकर ने कहा कि लोकतंत्र में नयी नीतियों के निर्धारण में भी सुसंकृत तरीके से विरोध करने का अवसर मिलता है । लोकतंत्र ने ही देश को एक बनाये रखा है ।
प्रस्तावना रखते हुए विधान सभा अध्यक्ष हरिभाऊ बागडे ने कहा कि संसदीय मंडल का कामकाज संविधान के अनुसार चलता है । इस काम को देखने का अवसर विद्यार्थियों को मिल रहा है ।उन्होंने कहा कि अधूरा ज्ञान नही रहना चाहिए ।
कार्यक्रम का संचालन विधायक ॲड. आशिष शेलार ने किया । राज्य के विभिन्न विश्वविद्यालयों के राज्यशास्त्र और लोक प्रशासन विषयों में पदव्युत्तर शिक्षा प्राप्त करने वाले विद्यार्थी इस अवसर पर उपस्थित थे ।