मोदी सरकार के अंतरिम बजट में बड़ा ऐलान: अब 5 लाख तक की कमाई पर कोई टैक्स नहीं लगेगा- बजट 2019

 01 Feb 2019  626

►21 हजार तक कमाने वालों को 7 हजार बोनस

दिल्ली, (01 फरवरी 2019)- लोकसभा चुनाव 2019 से पहले केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने पहले से चली आ रही परंपराओं का पालन करते हुए आज (एक फऱवरी 2019) को अंतरिम बजट पेश किया। लोकसभा चुनाव से ठीक पहले किसानों को राहत, करदाताओं को राहत पहुंचाकर पीएम मोदी की सरकार ने मास्टरस्ट्रोक चल दिया है। पीयूष गोयल ने इनकम टैक्स को लेकर बड़ा ऐलान किया। पीयूष गोयल ने टैक्सपेयर्स को बड़ी राहत देते हुए आयकर की सीमा 2.5 लाख से 5 लाख रुपये करने का ऐलान किया। मोदी सरकार में कार्यकारी वित्त मंत्री पीयूष गोयल आज सरकार का आखिरी बजट पेश किया। माना जा रहा था,कि इस बजट में किसानों और मध्यम वर्ग को ध्यान में रखते हुए कुछ घोषणाएं की जा सकती हैं,ठीक ऐसा ही हुआ है और मोदी सरकार ने अपने बजट में  करदाताओं और किसानों का विशेष ध्यान रखा है। आम चुनाव के बाद मई में चुनकर आने वाली नई सरकार ही जुलाई में पूर्ण बजट पेश करेगी और उससे पहले आर्थिक सर्वेक्षण पेश संसद में पेश किया जायेगा। दरअसल, सर्वदलीय बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साफ कर दिया था कि ये अंतरिम बजट ही होगा।इससे पहले ऐसी ख़बरें थीं कि सरकार पूर्ण बजट पेश करेगी, जिसे लेकर विपक्षी दल हमलावर थे। पीयूष गोयल ने कहा कि हमारी नियत साफ, नीति स्पष्ट और निष्ठा अटल हैं। यह अंतरिम बजट नहीं, देश के विकास यात्रा का माध्यम है। हमारी सरकार में विकास एक जनआंदोलन बन गया है। एक पांव रखता हूं, हजार राहें फूट पड़ती हैं। हमने नए भारत के निर्माण के लिए इतने नए प्रभावी कदम उठाए हैं, कि भारत को संभावनाओं के देश के रूप में देखा जाता है। हम देशवासियों के बलबूते पर भारत को एक दुनिया का अग्रणी देश बनाएंगे। हम सबने साथ मिलकर एक नींव रखी है।अब भारत की जनता के साथ मिलकर इस देश की भव्य इमारत बनाने जा रहे हैं। इसके लिए हमने एक निर्णायक नेतृत्व दिया, जिसकी नियत साफ है, नीति स्पष्ट है और निष्ठा अटल है। यह अंतरिम बजट नहीं, देश के विकास यात्रा का माध्यम है। हमारी सरकार में विकास एक जनआंदोलन बन गया है। महिलाओं को बैंक से 40 हजार रुपये तक के कर्ज पर कोई टैक्स नहीं। 40 हजार तक ब्याज पर टीडीएस डिपोजिट नहीं लगेगा, पहले दस हजार यह सीमा थी। 3 करोड़ लोगों को इससे फायदा होगा। इस एलान के बाद अब 3 करोड़ लोग इससे मुक्त हो जाएंगे। निवेश करने पर 6.5 लाख तक कोई टैक्स नहीं लगेगा। टैक्स छूट की सीमा 2.5 लाख से बढ़ाकर 5 लाख की गई। यानी अब आयकर की सीमा पांच लाख कर दी गई। इस एलान के बाद सदन में मोदी-मोदी का नारा गूंजने लगा। राष्ट्र निर्माण में योगदान के लिए करदाताओं को पीयूष गोयल ने धन्यवाद दिया। आपके टैक्स से देश का विकास होता है, उन्होंने कहा कि आपके टैक्स से महिलाओं और गरीबों के लिए शौचालय और एलपीजी को मिल पाता है। कालाधन खत्म करने के लिए हमारी सरकार प्रतिबद्ध है। स्वस्थ भारत बनाने के लिए हम ने आयुष्मान भारत योजना लेकर आए। हमारे विजन को टीम इंडिया के तौर पर जाना जा सकता है। हमारी सरकार मिनिमन गवर्नेंट और मैक्सिमम गवर्नेंस के आधार पर चलती है। छोटे कारोबारियों पर तीन महीने में एक जीएसटी रिटर्न, पांच साल में पांच ट्रिलियन अर्थव्यवस्था का लक्ष्य रखा गया है, वहीं आठ साल में 10 ट्रिलियन अर्थव्यवस्था का लक्ष्य रखा गया है। बजट में अगले 10 साल का विजन है। नोटबंदी के बाद 1 करोड़ लोगों ने पहली बार टैक्स भरा। नोटबंदी के बाद रिटर्न फाइल करने वालों की संख्या भी बढ़ी है। अब रिटर्न की इलेक्ट्रोनिक जांच होगी। पिछले साल 99.54 रिटर्न स्वीकार किए गए। जीएसटी से राज्यों के साथ व्यापार में आसानी हुई। अधिकांश सिनेमाघरों में 12 फीसदी टैक्स लगता है, घर खरीदने वालों का दबाव कम करना होगा। हमारी सरकार ने जीएसटी को लागू किया, जो अब तक का सबसे बड़ा कर सुधार है, 24 घंटे में आईटी रिटर्न करने की प्रक्रिया। 6.85 करोड़ लोगों ने रिटर्न भरा, जो टैक्स भरते हैं उन्हें राहत देने और कुछ विशेष लाभ पहुंचाने के सारे इंतजाम सरकार ने पिछले चार साल में किए। रिटर्न फाइल करने वालों की संख्या बढ़ी। 12 लाख करोड़ रूपये का टैक्स जमा हुआ। पिछले साल फाईल बंद करने के बाद 99.54 रिटर्न को एक्सेप्ट किया गया। साथ ही उन्होंने उरी फिल्म का जिक्र करते हुए कहा कि उरी में मजा आया और पूरा हॉल जोश से भरा था। इंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में रोजगार का बड़ा अवसर। किसी भी भाषा में फिल्म बने, सबमें रोजगार मिलेगा। हम अगले पांच साल में 1 लाख डिजिटल गांव बनाएंगे। पिछले पांच सालों में मोबाइल डेटा का उपयोग 50 गुना बढ़ा है। मेक इन इंडिया के तहत 268 से अधिक कंपनियां नौकरियां दे रही हैं। भारत में सबसे ज्यादा मोबाइल यूजरस हैं। देश में एयरपोर्ट की संख्या 100 के पार हुई। ब्रॉडगेड नेटवर्क पर सभी मानव रहित क्रॉसिंग खत्म हुए। हर दिन 27 किलोमीटर हाईवे बन रहे हैं। पिछले पांच सालों में हवाई यात्रियों की संख्या दोगुनी हुई। कोलकाता से वाराणसी नदी पर जलमार्ग की शुरुआत। पहली बार रक्षा बजट 3 लाख करोड़ से ज्यादा, जरूरत पड़ने पर रक्षा बजट पर और खर्च किया जाएगा। 60 साल की उम्र के बाद तीन हजार रुपये का पेंशन, 15 हजार सैलरी वाले मजदूरों के लिए पेंशन, 100 रुपये माह के अंशदान पर बोनस। ईपीएफओ की बीमा राशि 6 लाख रुपए हुई। असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों की मौत पर 6 लाख रुपये का मुआवजा। 6 करोड़ कुकिंग गैस दिए जा चुके हैं। अगले साल तक 8 करोड़ हो जाएंगे। सभी परिवारों को अच्छी कुकिंग के निश्चय को हम पूरा करेंगे। यह सब उज्जवला योजना से हो पाया है। प्रधानमंत्री मुद्रा योजना से सबको लाभ मिला। घुमंतू समुदाय के लिए सरकार ने ध्यान दिया है। घुमंतू समुदाय के कल्याण के लिए भी सरकार काम करेगी। इसके लिए नीति आयोग पहचान का काम करेगी। इनके लिए कल्याण बोर्ड बनाया जाएगा और उनके पास सरकार की योजनाओं को पहुंचाने का काम किया जाएगा। 21 000 वेतन वाले किसानों को भी बोनस बढ़ा, मजदूरों का बोनस 7000 हुआ। सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों के बाद इसे जल्द लागू किया जाएगा। ग्रैच्यूटी भुगतान सीमा 10 लाख से 20 लाख हुई। आपदा प्रभावित लोगों को ब्याज में 5 फीसदी की छूट दी जा रही है। हमारी सरकार का यह विश्वास रहा है कि तेजी से बढ़ रही अर्थव्यवस्था का लाभ कामगारों और सेवा में कार्यकर्त कर्मचारियों को भी मिलना चाहिए। मनरेगा के लिए 60 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान दिया जा रहा है। राष्ट्रीय गोकुल योजना शुरू करेगी सरकार, इसके लिए 750 करोड़ रुपये दिये जाएंगे। गौमाता के सम्मान में और उसकी जरूरत के लिए यह सरकार सब कुछ करेगी। गौमाता के लिए सरकार कभी पीछे नहीं हटेगी। 2 हेक्टेयर वाले किसानों को 6 हजार प्रति वर्ष इनकम सपोर्ट देने का मोदी सरकार ने ऐलान किया, जो यह उनके अकाउंट में सीधे जमा हो जाएगा, यह तीन किस्तों में दिया जाएगा, इसे पूरी तरह से भारत सरकार द्वारा फंड किया जाएगा। इससे सीधे तौर पर  12 करोड़ किसानों को लाभ होगा। पहली किश्त की सूची बनाकर उनके खातों में भेज दी जाएगी। इस कार्यक्रम पर होनेवाला खर्चा 75 हजार करोड़ रुपये सरकार भरेगी। यह कार्यक्रम पीएम किसान सम्मान योजना के तहत होगा। किसानों की उन्नति और आय वृद्धि पहले किसानों के फसल का पूरा मूल्य नहीं मिलता था, मगर हमने सभी 22 फसलों का एमएसपी लागत से पचास प्रतिशत अधिक निर्धारित किया है। वित्तीय घाटा 3.4 फीसदी कम हुआ। देश में 2014 से अब तक 14 एम्स थे, लेकिन अब पूरे देश में करीब 21 एम्स है। 22 वां हरियाणा में बनने जा रहा है। यानी दो तिहाई हमने इस सरकार आने के बाद काम किया है। हमने अच्छी सरकार होने का परिचय दिया है। किसानों की आय 2022 तक दोगुनी हो जाएगी। 1 करोड़ 53 लाख घर हमने बनाए, जो पिछली सरकार से पांच गुना है। सौभाग्य योजना से हमने हर घर को मुफ्त बिजली उपलब्ध कराया। हमने 143 करोड़ एलईडी बल्ब उपलब्ध कराए हैं। इससे बिजली बिल में सालाना 150 करोड़ रुपये की बचत हो जाएगी। सबको सस्ता अनाज मिले, यह हमने सुनिश्चित किया। हमने यह सोचा है कि गांव की आत्मा बरकरार रखते हुए वहां भी शहरों की तरह सुविधा उपलब्ध हो। प्रधानमंत्री ग्राम सकड़ योजना के माध्यम से हमने सड़कों को पक्के सड़कों से जोड़ा।पहले बच्चा पगडंडी से स्कूल पहुंचता था, अब उसके घर तक बस पहुंचती है। रेरा से रियल एस्टेट सेक्टर में पारदर्शिता आई।सरकार ने कई नई योजनाएं शुरू कीं। हमने लंबित परियोजनाओं को पूरा किया। हमने राज्यों को सबसे ज्यादा पैसे दिए। पहले छोटे बिजनेसमैन और बैंकों को कर्ज की चिंता होती थी, मगर अब बड़े बिजनेसमैन को भी इसकी चिंता होती है। लेनदारों से 3 लाख करोड़ रुपये वापस लिए गए। बैंकिंग सेक्टर में काफी सुधार हुआ है। स्वच्छ भारत जनभागीदारी से राष्ट्रीय अभियान बना। हमने महंगाई दर पर लगाम लगाई। हमने इस पर काबू पाया। भारत में विदेशी निवेश बढ़ा। हमारी सरकार ने कमरतोड़ महंगाई की कमर ही तोड़ दी। इस सरकार की उपलब्धि रही की हमने देश की हालत को बदले के प्रयास किया और देश के विश्वास को बढ़ाया। भारत अब विकास के पथ पर आ गया है और अब तेजी से विकास कर रहा है। 

--------------------------------बजट की मुख्य बातें-

1, किसान- 6 हजार सलाना (2 हेक्टेयर से कम के किसान)।

2, नौकरियों- गरीबों को 10 फीसदी आरक्षण।

3, टैक्स छूट- 5 लाख तक।

4, ग्रैच्युटी - 10 से बढ़ाकर 20 लाख।

5, श्रमिक मुआवजा- 2.5 से 6 लाख रुपये। 

6, सौभाग्य योजना- सभी घरों को मुफ्त बिजली।

7, टैक्स से कितनों को फायदा- 3 लाख लोग।

8, स्टैंडर्ड डिडक्शन- 40 लाख से बढ़ाकर 50 लाख।

9, बैंक से 40 हजार तक के ब्याज पर लोन नहीं।

10, दूसरा मकान खरीदने से टैक्स में राहत।

11, पहली बार रक्षा बजट 3 लाख करोड़।

12, हादसे की सूरत में ईपीएफओ की बीमा 6 लाख।