कोविड संदर्भ में राज्य में अब तक १ लाख ४ हजार मामले दर्ज -गृहमंत्री अनिल देशमुख

 12 May 2020  396

►पुलिसों पर हमले की २१२ घटनाएं, ७५० लोगों को लिया हिरासत में

मुंबई, (12 मई 2020)- राज्य में लॉकडाऊन शुरू होने से अब तक कोविड संदर्भ के १ लाख ४ हजार मामलेन दर्ज़ हुए है। वहीं पुलिसों पर हमले की २१२ घटनाएं भी हुई है, जिसमें ७५० लोगों को हिरासत में लिया गया है, यह जानकारी गृहमंत्री अनिल देशमुख ने दी। राज्य में लॉकडाऊन यानि दि.२२ मार्च से ११ मई की इस अवधि में धारा १८८ के अनुसार  १,०४,४४९ मामले दर्ज़ हुए है और १९,८३८ लोगों को गिरफ़्तार किया गया है। विविध मामलों में ३ करोड़ ९७ लाख ८७ हजार ६४४ रुपए जुर्माना (दंड) वसूला गया है। पुलिस विभाग का  १०० यह नंबर सभी जिलों में २४ घंटे कार्यरत रहता है। लॉकडाऊन के दिनों में इस १०० नंबर पर बड़े पैमाने पर कॉल आए, ८९,७३८ फोन कॉल आए, उन सभी कॉल्स की योग्य दखल ली गई। साथ ही राज्यभर में पुलिसों ने जिनके हाथ पर कॉरंटाइन (Quarantine) का मुहर (शिक्का) है, ऐसे ६६७ लोगों को ढूंढकर उन्हें विलगीकरण कक्ष में भेजा गया है। राज्य में कुल २,६३,४९३ व्यक्ति  कॉरंटाइन (Quarantine) है, यह जानकारी श्री. देशमुख ने दी। इसके अलावा अत्यावश्यक सेवा के लिए अब तक पुलिस विभाग की ओर से ३,३९,६४० पास दिए गए है।लॉकडाउन की अवधि में अवैध वाहतूक करनेवाले १२९१ वाहनों पर मामला दर्ज़ किया गया है और ५६,४७३ वाहनें जब्त किए गए है। साथ ही विदेशी नागरिकों की ओर से वीजा उल्लंघन के १५ मामले राज्यभर में दर्ज़ किए गए है।

             ►पुलिस के लिए विशेष कोरोना कक्ष

             कोरोना विषाणू का प्रकोप रोकने के लिए चल रहे प्रयासों में दुर्भाग्य से मुंबई के ४, पुणे १, और सोलापुर शहर १, नाशिक ग्रामीण १ ऐसे ७ पुलिस वीरों को अपनी जान गवानी पड़ी। राज्य में ९० पुलिस अधिकारी और ७२९ पुलिस कर्मचारी कोरोना पॉझिटिव मिले है और उन पर उपचार  चल रहा है। अगर पुलिस में कोरोना संदर्भ में कुछ भी लक्षण दिखाई देने पर तत्काल उन पर उपचार हो, इसके लिए राज्य में सर्वत्र नियंत्रण कक्ष भी स्थापन किए गए है। राज्य में कुल ४०१९ हजार रिलिफ कैम्प है, वहीं करीबन ३,८८,९४४ लोगों की व्यवस्था की गई है। कोरोना का मुकाबला करने के लिए अपना पुलिस दल, स्वास्थ्य विभाग, डॉक्टर्स, नर्सेस दिन-रात मेहनत कर रहे है। इस बात को सभी ने समझना चाहिए, इसलिए उन्हें किसी भी प्रकार की परेशानी न हो, इस ओर ध्यान देना चाहिए। लॉकडाऊन के दिनों में सभी नियमों का पालन कर कोरोना से मुकाबला करने के लिए सभी सहयोग करें। कोरोना के खिलाफ़ की लड़ाई में राज्य के प्रत्येक नागरिक का सहभाग अपेक्षित है। लॉकडाऊन में थोड़ीसी शिथिलता मिली, यानि लॉकडाऊन ख़त्म हो गया, ऐसे बिलकुल भी नहीं है, बल्कि आगे सोशल डिस्टेन्सिंग का पालन करने की बड़ी ज़िम्मेदारी हम सभी पर है। इसलिए सभी ने नियमों का पालन कर सहयोग करने का आवाहन गृहमंत्री ने किया है।