मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को वॉशिंग्टन में पुरस्कार प्रदान

 15 Jun 2018  901

 ► राज्य  प्रकल्पों के लिए विश्व बैंक आर्थिक सहयोग के लिए तैयार

   ► एकीकृत यातायात व्यवस्था के लिए फोर्ड मोबिलिटी राज्य में करेगी निवेश 

 

मुंबई, (15 जून 2018)- राज्य में नए विकास पर्व की शुरुवात करनेवाले महाराष्ट्र के नेतृत्व का आज सात समुन्दर पार अनोखा और गौरवपूर्ण सम्मान हुआ. अमरीका के जॉर्जटाऊन यूनिवर्सिटी, इंडिया इनिशिटिव और सेंटर फॉर इंटरनॅशनल स्टडिज की ओर से मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को आज वॉशिंग्टन में ‘आऊटस्टॅडिंग लीडरशिप इन डेवलपमेंट ’ पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया. साथ ही विश्व बैंक ने राज्य के महत्वपूर्ण प्रकल्पों को आर्थिक सहयोग की तैयारी  दर्शायी है.  फोर्ड मोबिलिटी कंपनी की ओर से एकीकृत यातायात व्यवस्था के लिए सेंटर ऑफ एक्सलन्स की निर्मिति के लिए राज्य में निवेश किया जाएगा. 

अमरीका की राजधानी में आज हुए विशेष पुरस्कार वितरण समारोह में  विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्यों की उपस्थिति थीं. मुख्यमंत्री ने इस सत्कार को उत्तर देते हुए राज्य में परिवर्तन पर्व की यशोगाथा का वर्णन किया. यह पुरस्कार महाराष्ट्र की जनता को समर्पित किया है, ऐसा बताकर मुख्यमंत्री ने कहा कि, हमने राज्य के सूत्र जब हाथ में लिया तब राज्य को बड़े पैमाने में अकाल का सामना करना पड़ता था. शाश्वत खेती के लिए जलसंवर्धन ही सर्वोत्तम उपाय है, यह बात ध्यान में लेकर राज्य के अकाल पीड़ित गाँवों में जलयुक्त शिवार अभियान का प्रभावी अमल किया. अकाल और टैंकर मुक्त होने के लिए इन गांवों की अर्थ निति में भी बदलाव आया है. जन सहभाग इस अभियान की सबसे बड़ी सफलता है, इससे  जलयुक्त शिवार अब एक जन आंदोलन बना है. नागरिकों ने केवल श्रमदान और निधि संकलन ही नहीं किया बल्कि पानी का विज्ञान भी समझ लिया, यह बात महत्वपूर्ण है, ऐसा मुख्यमंत्री ने कहा. 

उन्होंने कहा, चुनाव से पहले हमने घोषित किए 'विजन डॉक्युमेंट’ में दिए अधिकांश मुद्दों की पूर्तता हुई है तथा बचे हुए मुद्दों पर भी अमल किया जा रहा है, ऐसा बताकर मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा, खेती और ग्रामीण अर्थनिति को नई दिशा देने के लिए हम विभिन्न अभियान चला रहे हैं. भविष्य में डिजिटल अर्थव्यवस्था महत्वपूर्ण भूमिका अदा करेगी, इसलिए गाँवों को बड़े पैमाने में सड़कों को जोड़कर डिजिटल कनेक्टिवीटी भी दी जा रही है. समृद्धि महामार्ग के माध्यम से राज्य के 24 जिलों में लॉजिस्टिक और कृषि प्रक्रिया उद्योगों को गति मिलेगी. राज्य में महत्वाकांक्षी प्रकल्प पूर्ण करने के लिए वॉररूम जैसी संकल्पनाओं के बारे में भी उन्होंने इस समय जानकारी दी.