लोकसभा चुनाव: महाराष्ट्र के लिए 3 लाख स्याही की बोतलें

 25 Mar 2019  513

मुंबई, (25 मार्च 2019)- लोकसभा चुनाव के लिए मतदाताओं के बाएं हाथ के तर्जनी (इन्डेक्स फिंगर) पर स्याही लगाने के लिए महाराष्ट्र में 3 लाख स्याही की बोतलों की जरूरत होगी और जिला अधिकारियों को इनका वितरण किया गया है। आमलोग हो या फिर जनप्रतिनिधि या सेलिब्रिटी (हस्तियां) द्वारा बाएं हाथ की तर्जनी पर लगे मतदान के अधिकार के संकेत को गर्व से प्रदर्शित किया जाता है। लोकतंत्र को मजबूत करने वाला यह काला बिंदु चुनाव का एक अभिन्न तत्व बन गया है। इस साल लोकसभा चुनाव के लिए, महाराष्ट्र के 48 निर्वाचन क्षेत्रों में पौने नौ करोड़ मतदाता अपने मतदान के अधिकार का प्रयोग करेंगे। इन मतदाताओं के बाएं तर्जनी पर स्याही लगाने के लिए चुनाव आयोग द्वारा लगभग 3 लाख स्याही की बोतलों की मांग की गई हैं। राज्य को ये सभी बोतलें प्राप्त हो गई है और सभी जिला अधिकारियों के पास इन स्याही की बोतलों को सूपूर्द किया गया है। यह स्याही म्हैसूर पेंट्स कंपनी द्वारा बनाई गई है,  इसे मतदाताओं के तर्जनी पर लगाया जाता है और कुछ दिनों के लिए इस स्याही का रंग को मिटाया नहीं सकता है।राज्य के 48 निर्वाचन क्षेत्रों में लगभग 95,000 मतदान केंद्र हैं, और चुनाव मशीनरी द्वारा इन स्याही की बोतलों और मतदान सामग्री को अगले सप्ताह तक पहुंचने के लिए कोशिश कर रहा है। मतदान केंद्र पर मतदाता पहचान तय होने के बाद, उसे प्रवेश दिया जाता है। प्रत्यक्ष रुप से मतदान से पहले मतदाता के बाएं तर्जनी पर न मिटने वाली स्याही को लगाया जाता है। इसके बाद फिर मतदाता का हस्ताक्षर या अंगूठे का निशान लिया जाता है। मतदान से पहले मतदान अधिकारी मतदाता के बाएं हाथ की तर्जनी पर स्याही तो नहीं लगा है इसकी जांच करते हैं। जो व्यक्ति बाएं हाथ की तर्जनी की जांच करने नहीं देता है, मतदान अधिकारी उस व्यक्ति को मतदान करने के लिए अयोग्य बता सकता है। अगर किसी मतदाता के पास बाएं हाथ के तर्जनी नहीं है, तो उस व्यक्ति के बाएं हाथ के किसी भी उंगली में स्याही लगाई जाता है।